-
बाढ़ के खतरे को लेकर प्रशासन सतर्क
-
आईएमडी ने कई जिलों के लिए जारी की येलो चेतावनी
-
एसआरसी ने सभी जिलाधिकारियों को तैयार रहने के दिए निर्देश
भुवनेश्वर। ओडिशा में अगले सात दिनों तक बारिश, आंधी-तूफान और वज्रपात की संभावना को देखते हुए भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने कई जिलों के लिए येलो चेतावनी जारी की है। संभावित बाढ़ और जलभराव की स्थिति को देखते हुए विशेष राहत आयुक्त (एसआरसी) ने सभी जिला प्रशासनों को किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार रहने के निर्देश दिए हैं।
आईएमडी के दोपहर के बुलेटिन के अनुसार, पूर्वी विदर्भ और उससे सटे छत्तीसगढ़ के ऊपर बना डिप्रेशन पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है और धीरे-धीरे कमजोर होने की संभावना है। इसके प्रभाव से राज्य के अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम वर्षा हुई है, जबकि मयूरभंज में भारी बारिश दर्ज की गई।
मौसम विभाग ने बालेश्वर, भद्रक, जाजपुर, केंद्रापड़ा, जगतसिंहपुर, कटक, खोरधा, नयागढ़, कंधमाल, रायगड़ा, कोरापुट और मालकानगिरि सहित तटीय और आंतरिक जिलों में 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज हवाओं, वज्रपात और गरज के साथ बारिश की चेतावनी जारी की है।
आईएमडी ने निचले इलाकों में स्थानीय स्तर पर बाढ़, शहरी क्षेत्रों में जलभराव, कच्ची सड़कों को नुकसान और फसलों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका जताई है। एसआरसी ने लोगों से आंधी-तूफान के दौरान पेड़ों, बिजली के खंभों और कमजोर भवनों से दूर रहने तथा सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने की अपील की है।
हालांकि, मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि अगले पांच दिनों तक ओडिशा तट पर मछुआरों के लिए कोई बड़ी चेतावनी जारी नहीं की गई है, फिर भी समुद्र और तटीय क्षेत्रों में सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
Indo Asian Times A Hindi Digital News Portal
