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समन्वय और समर्पण भाव से कार्य करने पर दिया जोर
भुवनेश्वर। ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने आगामी रथयात्रा के सुचारु एवं त्रुटिरहित आयोजन को लेकर पुरी टाउन हॉल में आयोजित एक विशेष समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस दौरान उन्होंने प्रशासन, विभिन्न विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों तथा सेवायतों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने पर विशेष बल दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भगवान श्रीजगन्नाथ के आशीर्वाद, समर्पण भाव, अनुभव, दक्षता और सामूहिक प्रयासों के साथ सभी संबंधित विभागों को मिलकर कार्य करना होगा, ताकि विश्वविख्यात रथयात्रा का सफल और निर्विघ्न आयोजन सुनिश्चित किया जा सके।
उन्होंने कहा कि भगवान श्रीजगन्नाथ केवल ओडिशा ही नहीं, बल्कि देश और दुनिया भर के करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था के केंद्र हैं। रथयात्रा पर पूरे विश्व की नजर रहती है। ऐसे में सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सफल रथयात्रा का आयोजन केवल प्रशासनिक दायित्व नहीं, बल्कि सभी संबंधित लोगों की नैतिक जिम्मेदारी भी है।
मुख्यमंत्री ने सभी अधिकारियों से अपने कर्तव्यों का निर्वहन भगवान की सेवा समझकर पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सुरक्षा एवं भीड़ प्रबंधन के लिए व्यापक पुलिस बल की तैनाती की गई है। इसके अलावा स्वास्थ्य सेवाएं, स्वच्छता, पेयजल, यातायात, ट्रैफिक प्रबंधन तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं भी पूरी तरह सुनिश्चित की गई हैं।
उन्होंने पिछले दो वर्षों के अनुभवों से सीख लेते हुए विभिन्न विभागों के बीच प्रभावी समन्वय बनाए रखने तथा सभी व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी (मॉनिटरिंग) करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने महाप्रभु की सभी धार्मिक परंपराओं एवं अनुष्ठानों का समयबद्ध तरीके से निर्वहन करने के लिए सेवायतों की सराहना भी की।
मुख्यमंत्री ने श्रद्धालुओं को समय पर सही जानकारी उपलब्ध कराने के लिए प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया, एफएम रेडियो, सार्वजनिक उद्घोषणा प्रणाली, सोशल मीडिया तथा विभागीय वेबसाइटों का प्रभावी उपयोग करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि महाप्रभु की नीतियों, दर्शन व्यवस्था, ट्रैफिक की स्थिति और अन्य महत्वपूर्ण सूचनाओं का नियमित प्रसार होने से श्रद्धालुओं को काफी सुविधा मिलेगी। साथ ही अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी नजर रखने और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि सभी संबंधित पक्ष भगवान श्रीजगन्नाथ के प्रति श्रद्धा और सेवा भाव के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें, तो रथयात्रा का सफल आयोजन सुनिश्चित होगा। उन्होंने विश्वास जताया कि सभी श्रद्धालु सुरक्षित एवं सुखद आध्यात्मिक अनुभव के साथ महाप्रभु के दर्शन कर लौटेंगे, यही प्रशासन और सभी सेवकों की सबसे बड़ी सफलता होगी।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने पुरी जिला प्रशासन द्वारा प्रकाशित ‘रूपरेखा–रथयात्रा 2026’ पुस्तिका का विमोचन भी किया। बैठक में उपमुख्यमंत्री कनक वर्धन सिंहदेव, उपमुख्यमंत्री प्रभाती परिडा, कई वरिष्ठ मंत्री, मुख्य सचिव तथा पुलिस महानिदेशक सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। मुख्य सचिव ने रथयात्रा की समग्र तैयारियों की जानकारी दी, जबकि पुलिस महानिदेशक ने सुरक्षा व्यवस्था का विस्तृत ब्यौरा प्रस्तुत किया।
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