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सीएमसी की प्रक्रिया पर उठाए सवाल
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पारदर्शिता और निष्पक्षता पर सवाल
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प्रेस कॉन्फ्रेंस में एसओपी फाड़ी
भुवनेश्वर। कटक-बारबाटी की विधायक सोफिया फिरदौस ने फूड कोर्ट आवंटन को लेकर कटक नगर निगम पर कड़ा असंतोष जताया है। उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान नगर निगम द्वारा जारी मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) को मीडिया के सामने फाड़कर विरोध दर्ज कराया।
विधायक फिरदौस ने आरोप लगाया कि सीएमसी द्वारा बनाई गई गाइडलाइन में पारदर्शिता और निष्पक्षता की कमी है। उन्होंने कहा कि यह प्रक्रिया सभी हितधारकों के हितों को सही तरीके से नहीं दर्शाती और इसमें स्पष्टता का अभाव है।
उनका यह विरोध दर्शाता है कि स्थानीय स्तर पर परियोजनाओं और व्यावसायिक स्थलों के आवंटन को लेकर जनप्रतिनिधियों और नागरिकों में असंतोष बढ़ रहा है।
राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज
इस घटना के बाद राजनीतिक गलियारों और सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई है। शासन व्यवस्था और जवाबदेही को लेकर कई सवाल उठाए जा रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के सार्वजनिक विरोध प्रशासनिक निर्णयों को लेकर बढ़ते तनाव को दर्शाते हैं और पारदर्शी व्यवस्था की आवश्यकता को उजागर करते हैं।
बारबाटी फूड कोर्ट में दुकानों के लिए आवेदन आमंत्रित
इसी बीच सीएमसी ने बारबाटी स्टेडियम के पास स्थित बारबाटी फूड कोर्ट में दुकानों के दूसरे चरण के आवंटन के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। इस पहल का उद्देश्य प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्र में गुणवत्ता वाले फूड आउटलेट्स को बढ़ावा देना है।
कुल 38 दुकानों को दो श्रेणियों में विभाजित किया गया है, जिसमें श्रेणी ए (प्रीमियम बड़ी दुकानें) में 2 यूनिट, प्रत्येक 516 वर्ग फीट, मासिक किराया 26,400 रुपये तथा श्रेणी बी (मानक दुकानें) में 36 यूनिट, निर्मित कंक्रीट संरचना, मासिक किराया 6,600 रुपये होगा। यह मुद्दा अब शहर में प्रशासनिक पारदर्शिता और निष्पक्षता को लेकर एक बड़ी चर्चा का विषय बन गया है।
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