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ओडिशा में लगेंगे छह नए उच्च पवन गति रिकॉर्डर
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तटीय जिलों में वास्तविक समय में हवा की रफ्तार मापने की होगी व्यवस्था
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चक्रवात के दौरान सटीक पूर्वानुमान और त्वरित राहत कार्य में मिलेगी मदद
भुवनेश्वर। ओडिशा में चक्रवात की निगरानी और पूर्वानुमान प्रणाली को और सशक्त बनाने के लिए जल्द ही छह नए उच्च पवन गति रिकॉर्डर स्थापित किए जाएंगे। इन उपकरणों के जरिए चक्रवात के दौरान तेज हवाओं की वास्तविक समय में सटीक जानकारी प्राप्त हो सकेगी।
क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र ने इन उपकरणों की स्थापना के लिए राज्य सरकार से भूमि आवंटन का अनुरोध किया है। अधिकारियों के अनुसार, ये रिकॉर्डर चक्रवात के दौरान अत्यधिक पवन गति को मापेंगे और तट से टकराने वाले चक्रवात की तीव्रता का अधिक सटीक आकलन करने में मदद करेंगे।
नए उपकरण गंजाम, पुरी, जगतसिंहपुर, केंद्रापड़ा, भद्रक और बालेश्वर जिलों में समुद्र तट के निकट लगाए जाएंगे। इनकी स्थापना के बाद राज्य में उच्च पवन गति रिकॉर्डरों की कुल संख्या बढ़कर 12 हो जाएगी।
आईएमडी के क्षेत्रीय केंद्र की निदेशक मनोरमा मोहंती ने इस बात की पुष्टि करते हुए कहा कि ये उपकरण चक्रवातों और गंभीर मौसम प्रणालियों से जुड़ी तेज़ हवाओं की गति के बारे में ज़्यादा सटीक डेटा उपलब्ध कराने में मदद करेंगे, जो अक्सर राज्य को प्रभावित करती हैं। समुद्र तट के पास उपकरण लगाने का उद्देश्य चक्रवात के दौरान अधिकतम पवन वेग को दर्ज करना है।
वर्तमान में ओडिशा में 39 मानव संचालित सतही वेधशालाएं, 29 स्वचालित मौसम केंद्र, 136 स्वचालित वर्षामापी केंद्र तथा चार हवाईअड्डा आधारित मौसम अवलोकन प्रणालियां कार्यरत हैं। नए उच्च पवन गति रिकॉर्डरों के जुड़ने से राज्य की चक्रवात निगरानी व्यवस्था और अधिक मजबूत होगी तथा मौसम पूर्वानुमान की सटीकता में भी उल्लेखनीय सुधार आएगा।
यह पहल आपदा प्रबंधन के प्रति ओडिशा सरकार के सक्रिय दृष्टिकोण और आधुनिक तकनीक के माध्यम से चक्रवात से जुड़े जोखिमों को कम करने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
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