-
सुरक्षा के मद्देनजर 11 हजार से अधिक लोगों का किया गया अस्थायी पुनर्वास
-
लॉन्च पैड-3 से दोपहर 3:50 बजे हुआ प्रक्षेपण
-
स्वदेशी रक्षा तकनीक और राष्ट्रीय सुरक्षा को मिली नई मजबूती
बालेश्वर। रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) ने बुधवार को ओडिशा के बालेश्वर जिले स्थित चांदीपुर मिसाइल परीक्षण केंद्र से एक मिसाइल का सफल परीक्षण किया। दोपहर 3:50 बजे लॉन्च पैड-3 से किए गए इस प्रक्षेपण को भारत की रक्षा तैयारियों और स्वदेशी तकनीकी क्षमता के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
अधिकारियों के अनुसार, परीक्षण के दौरान सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए लॉन्च पैड के 3.5 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले 11,442 लोगों को अस्थायी रूप से सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित किया गया। स्थानीय प्रशासन ने पुनर्वास की पूरी प्रक्रिया का समन्वय करते हुए प्रभावित लोगों के लिए अस्थायी आश्रय और आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की।
डीआरडीओ वैज्ञानिकों ने किया प्रदर्शन का मूल्यांकन
मिसाइल परीक्षण के दौरान डीआरडीओ के वैज्ञानिकों ने पूरे अभियान की बारीकी से निगरानी की और मिसाइल के प्रदर्शन, सटीकता तथा अन्य तकनीकी मानकों से संबंधित आंकड़े एकत्र किए। इन आंकड़ों का विश्लेषण भविष्य की रक्षा परियोजनाओं और तकनीकी उन्नयन के लिए किया जाएगा।
प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने निभाई अहम भूमिका
बालेश्वर जिला प्रशासन ने डीआरडीओ के साथ समन्वय स्थापित कर परीक्षण की सभी व्यवस्थाओं को सुचारु रूप से संचालित किया। वहीं सुरक्षा बलों ने पूरे परीक्षण क्षेत्र में कड़ी निगरानी बनाए रखी ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो।
स्वदेशी रक्षा क्षमता को मिली नई मजबूती
चांदीपुर में सफल मिसाइल परीक्षण ने एक बार फिर भारत की स्वदेशी रक्षा तकनीक और राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति को रेखांकित किया है। अधिकारियों का कहना है कि ओडिशा स्थित यह रणनीतिक परीक्षण केंद्र देश की रक्षा अनुसंधान गतिविधियों का प्रमुख केंद्र बन चुका है और यहां लगातार हो रहे सफल परीक्षण भारत की आत्मनिर्भर रक्षा क्षमता को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा रहे हैं।
Indo Asian Times A Hindi Digital News Portal
