मार्केट रेगुलेटर सेबी की चेयरपर्सन माधबी पुरी बुच अपने 7 साल के कार्यकाल के दौरान एक कंसल्टेंसी फर्म से रेवेन्यू हासिल करती रहीं जिसे रेगुलेटरी अधिकारियों के लिए नियमों का उल्लंघन माना जा सकता है। एक न्यूज एजेंसी को मिले दस्तावेजों से यह जानकारी मिली है। हिंडनबर्ग रिसर्च ने अदाणी ग्रुप से जुड़ी बुच की जांच में ‘हितों के टकराव’ का आरोप लगाया है। इसके लिए बुच के पिछले निवेश का हवाला दिया गया है
Home / BUSINESS / ‘नियमों का उल्लंघन कर कंसल्टिंग फर्म से रेवेन्यू हासिल करती रहीं SEBI की चेयरपर्सन’
Check Also
अब तक 1.7 करोड़ से ज्यादा करदाताओं ने भरा रिटर्न, आखिरी तारीख 31 जुलाई
नई दिल्ली। आकलन वर्ष 2026-27 के लिए अब तक 1.7 करोड़ से ज्यादा करदाताओं ने …
Indo Asian Times A Hindi Digital News Portal
