कोलकाता, पश्चिम बंगाल में कोयला तस्करी मामले की जांच कर रहे केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को शुक्रवार झटका लगा है। इस मामले में गिरफ्तार विकास मिश्रा को कलकत्ता हाई कोर्ट से जमानत मिल गई है। विकास इस मामले के मुख्य सूत्रधार विनय मिश्रा का छोटा भाई है और उसे ईडी ने गिरफ्तार किया था।
कोर्ट में विकास की जमानत याचिका में अधिवक्ता ने बताया कि लंबे समय से उससे किसी तरह की कोई पूछताछ की जरूरत नहीं पड़ी है और वह भविष्य में जांच में सहयोग करता रहेगा, इसलिए विकास को जमानत मिलनी चाहिए। कलकत्ता हाई कोर्ट ने पांच लाख रुपये के निजी मुचलके पर उसे जमानत दी है। इसके साथ ही उसके देश छोड़ने पर रोक लगा दी है। दावा किया जा रहा है कोयला तस्करी मामले में अब केंद्रीय एजेंसियों के पास बहुत कुछ पूछताछ करने या जांचने के लिए नहीं बचा है।
उल्लेखनीय है कि कोयला तस्करी के मास्टरमाइंड अनूप मांझी उर्फ लाला और सत्तारूढ़ पार्टी के शीर्ष नेताओं के बीच में रुपये के लेनदेन और सेफ पैसेज का सूत्रधार रहे विनय मिश्रा के रुपये का हिसाब-किताब रखने का आरोप विकास मिश्रा पर लगा है। इस मामले की जांच शुरू होने से पहले ही विनय देश छोड़कर फरार हो गया और अपने मां-बाप के साथ बानअतु द्वीप में रह रहा है।
साभार-हिस
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