-
देर रात तक पुरी में श्रीमंदिर के सामने कोविद नियमों की जमकर उड़ी धज्जियां
-
निमय को मानने वाले और मनवाने वाले दोनों हुए भीड़ में शामिल
-
स्नान पूर्णिमा के दिन कैसे नियंत्रित होगी भीड़ ?

प्रमोद कुमार प्रुष्टि, पुरी
सावित्री आमवस्या पर पुरी में महाप्रभु श्री जगन्नाथ के दरवाजे पर कोविद-19 के नियमों की धज्जियां शुक्रवार को काफी देर रात कर उड़ती रहीं. नियमों को मनवाने वाला पुलिस प्रशासन भी नियमों को तोड़ने वाली भीड़ में शामिल दिखा. सावित्री आमवस्या पर अगर इस तरह से कोविद नियमों की धज्जियां उड़ी को महाप्रभु श्रीजगन्नाथ के स्नान पूर्णिमा को क्या होगा, इसको लेकर सवाल उठ खड़े हुए हैं.
उल्लेखनीय है कि सावित्री आमवस्या पर कल महाप्रभु श्री जगन्नाथ के श्रीमंदिर के सामने महाप्रसाद के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी थी. इस दौरान लोग कोविद-19 को लेकर जारी नियमों को भूल गये. सामाजिक दूराव का अनुपालन कहीं भी नजर नहीं आया. इस दौरान लोगों के साथ-साथ पुलिसकर्मी भी महाप्रसाद लेने के लिए भीड़ में जद्दोजहद करते देखे गये. पुलिसकर्मी की यह तस्वीर देखकर आप अंदाजा लगा सकते हैं कि भक्ति किस तरह इस पुलिसकर्मी के फर्ज पर भारी पड़ी है. इस जवान को लोगों को सामाजिक दूराव के नियमों का अनुपालन करना चाहिए था, लेकिन यह खुद महाप्रसाद लेने में व्यवस्त हो गया. हालांकि भीड़ में यह पता नहीं चल पाया है कि यह जवान श्रीमंदिर प्रशासन का है या स्थानीय थाने.

सावित्री आमवस्या के दिन महिलाएं पति की दीघार्यु के लिए व्रत रखती हैं और इस दिन पुरी में लोग घरों में श्रीमंदिर में महाप्रभु श्री जगन्नाथ को चढ़ाये महाप्रसाद का सेवन करते हैं. इसके लिए कल सुबह से लोग श्रीमंदिर के उत्तर दरवाजे पर पहुंच गये थे, जहां अंदर से सेवायत महाप्रसाद लाकर श्रद्धालुओं को देने लगे.

इसकी सूचना फैलते ही लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी और रात 10.30 बजे के बाद तक भीड़ जुटी रही. यह इलाका सिंहद्वार थाने के अंदर पड़ता है. सावित्री आमवस्या के रिवाज से प्रशासन वाकिफ है, लेकिन कोरोना के नियमों को लेकर प्रशासनिक सतर्कता नहीं दिखी.
उल्लेखनीय है कि कोरोना वायरस के विस्तार को रोकने के लिए पुरी श्रीमंदिर में या इसके आसपास लोगों के आने जाने पर पावंदी लगायी गयी है. हालांकि श्रीमंदिर में रीति-नीति करने की छूट है.
Indo Asian Times A Hindi Digital News Portal
