-
कोई भी नहीं कर रहा है पार्टी के हितों की परवाह
-
वरिष्ठ नेता तारा प्रसाद वाहिनिपति ने बढ़ती दरारों का किया खुलासा
-
कहा- न केवल प्रतिद्वंद्वी पार्टियों में बल्कि अपनी ही पार्टी के भीतर भी करना पड़ रहा है विरोध का सामना
भुवनेश्वर। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और जयपुर विधायक तारा प्रसाद वाहिनिपति ने पार्टी के भीतर बढ़ती दरारों को लेकर बड़ा खुलासा किया है। उन्होंने कहा कि उन्हें न केवल प्रतिद्वंद्वी पार्टियों बल्कि अपनी ही पार्टी के भीतर भी विरोध का सामना करना पड़ रहा है। वाहिनिपति ने कांग्रेस में एकता की कमी पर नाराजगी जताते हुए कहा कि इससे पार्टी के सच्चे कार्यकर्ताओं को नुकसान हो रहा है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस में दरारें बढ़ती जा रही हैं और यह स्पष्ट है कि कोई भी वास्तव में पार्टी के हितों की परवाह नहीं कर रहा है। उन्होंने पार्टी के अन्य सदस्यों पर व्यक्तिगत लाभ को पार्टी की भलाई से ऊपर रखने का आरोप लगाया और चेतावनी दी कि जनता इस व्यवहार को माफ नहीं करेगी।
वाहिनिपति ने यह भी कहा कि उनका विरोध केवल बीजद और भाजपा से ही नहीं, बल्कि उनकी अपनी पार्टी के सदस्यों से भी हो रहा है, जिसके कारण वे खुद को केवल अपने निर्वाचन क्षेत्र तक ही सीमित कर चुके हैं। उन्होंने कांग्रेस के प्रदर्शन पर निराशा जताते हुए पार्टी की हार का कारण ओड़िया अस्मिता को बताया और पार्टी में एकता की आवश्यकता पर जोर दिया।
अपनी आलोचना के बावजूद वाहिनिपति आशावादी बने रहे और कहा कि अगर पार्टी पंचायत चुनावों के दौरान एकजुट हो जाती है, तो उसके पास जीतने का मौका है।
इस बयान ने कांग्रेस के भीतर आंतरिक संघर्षों को लेकर अटकलों को जन्म दे दिया है, खासकर जब हाल ही में वरिष्ठ नेता विजय पटनायक ने ओडिशा कांग्रेस से इस्तीफा दिया था।
Indo Asian Times A Hindi Digital News Portal
