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उत्तरी आंध्र प्रदेश व दक्षिण ओडिशा की ओर बढ़ने की संभावना
भुवनेश्वर। एक चक्रवाती परिसंचरण के प्रभाव में 20 अक्टूबर के आसपास दक्षिण-पूर्व और उससे सटे पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी पर एक निम्न दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। कुछ मौसम एजेंसियों ने इसके चक्रवात में तब्दील होने का संकेत दिया है और इसके साथ ही उत्तरी आंध्र प्रदेश व दक्षिण ओडिशा की ओर से बढ़ने की संभावना है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने बताया कि एक चक्रवाती परिसंचरण दक्षिण अंडमान सागर और पड़ोस के ऊपर स्थित है और औसत समुद्र तल से 3.1 किमी तक फैला हुआ है। इसके प्रभाव में 20 अक्टूबर के आसपास दक्षिण-पूर्व और उससे सटे पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी पर एक निम्न दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। इसके पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर पश्चिम-मध्य और उससे सटे दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी की ओर बढ़ने और बाद के 48 घंटों के दौरान और अधिक चिह्नित होने की संभावना है।
इस सिस्टम के ट्रैकिंग के संबंध में विभिन्न मॉडलों में भिन्नता है। एनसीयूएम ग्रुप ने इसके उत्तर तमिलनाडु की ओर बढ़ने का संकेत दिया है। इधर, जीएफएस और ईसीएमडब्ल्यूएफ ने उत्तरी आंध्र प्रदेश-दक्षिण ओडिशा की ओर बढ़ने का संकेत दिया है। अधिकांश मॉडल बनने वाले निम्न दवाब के क्षेत्र की तीव्रता के संकेत दे रहे हैं। साथ ही इकसे एक चक्रवाती तूफान में तब्दील होने की संभावना है।
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