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8000 लोगों को मिलेगा रोजगार
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उच्चस्तरीय स्वीकृति प्राधिकरण की बैठक में मंजूरी
भुवनेश्वर। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी की अध्यक्षता में हुई उच्चस्तरीय स्वीकृति प्राधिकरण (एचएलसीए) की बैठक में गंजाम जिले में एक मेगा टाइटेनियम कॉम्प्लेक्स को मंजूरी दी गई। इस परियोजना को ओरिसा मेटालर्जिकल इंडस्ट्री प्राइवेट लिमिटेड द्वारा 8000 करोड़ रुपये के निवेश से स्थापित किया जाएगा।
इस प्लांट में टाइटेनियम स्लैग, टाइटेनियम पिगमेंट और टाइटेनियम स्पंज का उत्पादन किया जाएगा। यह परियोजना करीब 8,000 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार देगी, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को बड़ा फायदा पहुंचेगा।
खनिज संपदा से भरपूर ओडिशा
ओडिशा खनिज संपदा से भरपूर राज्य है जहां लौह अयस्क, बॉक्साइट, कोयला, क्रोमाइट और रेयर अर्थ मिनरल्स की भरपूर उपलब्धता है। खासकर गंजाम जैसे तटीय जिलों में इल्मेनाइट के बड़े भंडार हैं, जो टाइटेनियम डाइऑक्साइड का प्रमुख स्रोत है।
इल्मेनाइट से टाइटेनियम उत्पाद तैयार किए जाएंगे
इस नई इकाई के जरिए इल्मेनाइट से टाइटेनियम उत्पाद तैयार किए जाएंगे, जिससे ओडिशा के खनिजों को मूल्यवर्धन मिलेगा और तकनीकी क्षेत्र में भी राज्य आगे बढ़ेगा। यह पहल देश को टाइटेनियम आयात पर निर्भरता से भी मुक्त करने में मदद करेगी।
10 परियोजनाओं को मिली मंजूरी
इस बैठक में कुल 10 परियोजनाओं को मंजूरी मिली, जिनमें इस्पात, एल्युमिनियम, पावर, ग्रीन एनर्जी और इंजीनियरिंग गुड्स जैसे सेक्टर शामिल हैं। इन सभी परियोजनाओं में कुल 1.65 लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश होगा और 51,939 नौकरियों का सृजन होगा।
अन्य प्रमुख निवेश
वेदांता लिमिटेड द्वारा रायगड़ा जिले में 6 एमटीपीए एल्युमिना रिफाइनरी और 1.2 एमटीपीए एल्युमिनियम स्मेल्टर की स्थापना पर 91,528 करोड़ रुपये का निवेश, जिससे 15,900 रोजगार।
जेएसडब्ल्यू स्टील लिमिटेड द्वारा केंदुझर जिले में 5 एमटीपीए इस्पात संयंत्र की स्थापना पर 35,000 करोड़ रुपये का निवेश, 8,000 नौकरियां।
ओरिसा थर्मल एनर्जी लिमिटेड द्वारा कटक जिले में 2,400 मेगावाट का कोयला आधारित पावर प्लांट, 18,450 करोड़ रुपये का निवेश, 8,100 रोजगार।