भुवनेश्वर। कांग्रेस सांसद सप्तगिरी उलका ने आज कहा कि वह ओडिशा विधानसभा से पार्टी के सभी विधायकों के निलंबन का मामला संसद में उठाएंगे।
यहां पत्रकारों से बातचीत में श्री उलाका ने कहा कि यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। भाजपा वही मॉडल लागू करने की कोशिश कर रही है, जो नरेंद्र मोदी ने गुजरात में मुख्यमंत्री के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान अपनाया था। आज मुझे विधानसभा परिसर में प्रवेश करने से रोका गया और मुझे मारपीट भी झेलनी पड़ी। हम सड़कों पर विरोध प्रदर्शन करेंगे। मैं इस मुद्दे को संसद में एक विशेषाधिकार प्रस्ताव पेश कर उठाऊंगा और अध्यक्ष को अवगत कराऊंगा,” उलका ने कहा।
उल्लेखनीय है कि आज ओडिशा विधानसभा अध्यक्ष सुरमा पाढ़ी ने कांग्रेस के विधायकों तारा प्रसाद बहिनीपति और रमेश चंद्र जेना को सात दिनों के लिए सदन से निलंबित कर दिया। इन दोनों विधायकों ने राज्य में महिलाओं की सुरक्षा के मुद्दे पर अध्यक्ष के पोडियम के पास घंटा बजाकर विरोध प्रदर्शन किया।
मंगलवार को विधानसभा अध्यक्ष ने पार्टी के 12 विधायकों को सात दिनों के लिए निलंबित कर दिया था।
वाहिनीपति और जेना के निलंबन के साथ, अब कांग्रेस के सभी 14 विधायक सदन से निलंबित हो गए हैं।